यादें शायरी

हर सागर के दो किनारे होते है, कुछ लोग जान से भी प्यारे होते है, ये जरूरी नहीं हर कोई पास हो, क्योंकि जिंदगी में…यादों के भी सहारे होते हैं।

एक अजीब दास्तान है मेरे अशसाने की, मैंने पल-पल कोशिश उसके की पास जाने की, किस्मत थी मेरी या साजिश थी जमाने की, दूर हुई मुझसे इतना जितनी उमीद थी करीब आने की।

तुम भी चाहत के समन्दर में उतर जाओगे, खुशनुमा से किसी मंजर पे ठहर जाओगे। मैंने यादों में तुम्हें इस तरह पिरोया है, मै जो टूटी तो सनम तुम भी बिखर जाओगे

जब रात को आपकी याद आती है, सितारों में आपकी तस्वीर नजर आती है। खोजती है निगाहें उस चेहरे को… याद में जिसकी सुबह हो जाती है।

दूरियों की ना परवाह किजिये, दिल जब भी पुकारे बुला लीजिये, कहीं दूर नहीं हैं हम आपसे, बस अपनी पलकों को आँखों से मिला लिजिये।

आरजू होनी चाहिए किसी को याद करने की… लम्हें तो अपने आप ही मिल जाते हैं, कौन पूछता है पिंजरे में बंद पंछियों को, याद वही आते है जो उड़ जाते है…..।

बदल जाए चाहे सारा जग पर ना बदलना तुम कभी, ख्वाबों के खुशनुमा शहर में मिलने आना तुम कभी।

नाराज ना होना कभी बस यहीं एक गुजारिश है, महकी हुई इन साँसों की साँसों से सिफारिश है।

तुम्हारी आवाज सुनने को हर पल बेकरार रहता हूँ, नहीं करूँगा याद तुम्हें मैं खुद से हर बार कहता हूँ

तुम्हारी तस्वीरों में मुझे अपना साया दिखता है, महसूस करता है जो यह मन वहीं तो लिखता है।

{Sad Status पढ़ने के लिए यहा Click करें}

3 Replies to “यादें शायरी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *